रेल बजट 2016: जानिये, महिलाओं और बुजुर्गों को सुरेश प्रभु ने कौन सा खास तोहफा दिया

नई दिल्ली 25 फरवरी(एनपी)।  रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने अपने दूसरे बजट में लोकलुभावन घोषणाएं तो नहीं कीं, लेकिन यात्री सुविधाओं और इसके विस्तार पर पूरा ध्यान दिया। प्रभु ने रेल बजट 2016 में बुजुर्गों और महिलाओं को खास तोहफा दिया है। यात्रियों के लिए नई सुविधाओं में महिला, बुजुर्गों, विकलांगों (दिव्यांगों) और बच्चों का विशेष तौर पर खास ध्यान रखा गया।
संसद में गुरुवार को रेल बजट को पेश करते हुए सुरेश प्रभु ने कहा कि दिव्यांगों के लिए रेलवे ने ऑनलाइन टिकट बुकिंग में छूट हासिल करने के लिए वन टाइम रजिस्ट्रेशन की सुविधा शुरू की है। व्हील चेयर्स और बधिरों के लिए उपयुक्त कोच की ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा। व्हील चेयर की ऑनलाइन बुकिंग। सभी नए सवारी डिब्बे ब्रेल एनेबल्ड। सुगम्य भारत अभियान के तहत पुन: विकसित किए जा रहे सभी स्टेशनों का दिव्यांग इस्तेमाल कर सकेंगे। आगामी वित्त वर्ष केदौरान ए1 श्रेणी के स्टेशन के हर प्लेटफॉर्म पर दिव्यांगों के लिए कम से कम एक शौचालय उपलब्ध करवाने का प्रयास किया जाएगा और इस स्टेशनों पर पर्याप्त संख्या में व्हील चेयरों की उपलब्धता भी सुनिश्चित करेंगे।
उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों और महिला यात्रियों के लिए निचली सीट का कोटा बढ़ाया जा रहा है। आगामी वित्त वर्ष में वरिष्ठ नागरिकों के लिए निचली सीट का कोटा बढ़ाकर 50 फीसदी किया जा रहा है। जिससे सभी ट्रेनों में 120 लोअर बर्थ वरिष्ठ नागरिकों के लिए होंगे। अधिक एस्क्लेटर और लिफ्ट उपलब्ध कराई जाएंगी। वृद्धों और दिव्यांग यात्रियों की सहायता के लिए कोंकण रेलवे में सारथी सेवा शुरू की गई है। इस सेवा का विस्तार अन्य स्टेशनों पर भी किया जाएगा। पिक अप एंड ड्रॉप सेवा और व्हील चेयर सेवाओं को सुदृढ़ किया जाएगा। यात्री भुगतान आधार पर बैटरी चालित कारें, कुली सेवाएं आदि बुक कर सकेंगे।
महिला सुरक्षा के लिए सवारी डिब्बों में मध्यम भाग को आरक्षित किया जाएगा। सभी श्रेणियों में महिलाओं के लिए 33 फीसदी सीट आरक्षित किया जाएगा। महिला यात्रियों की सुरक्षा के लिए अखिल भारतीय 24/7 हैल्पलाइन नंबर 182 शुरू किया जाएगा। 311 रेलवे स्टेशनों पर सीसीटीवी चौकसी की व्यवस्था की गई है। सभी बड़े रेलवे स्टेशनों को चरणबद्ध तरीके से सीसीटीवी चौकसी के अंतर्गत लाया जाएगा। – शिशुओं के साथ यात्रा करने वाली महिलाओं को गाडिय़ों में बच्चों के लिए खानपान के पदार्थ उपलब्ध करवाए जाएंगे। स्टेशनों पर शिशु आहार, गर्म दूध और गर्म पानी उपलब्ध करवाया जाएगा और गाडिय़ों के शौचालयों में शिशुओं के लिए चेंजिंग बोर्ड भी मुहैया करवाए जाएंगे।