जेएनयू देशद्रोह मामला: गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पुलिस ने पूछे कई सवाल

‘उमर खालिद ने अफजल गुरु के समर्थन में नारेबाजी की बात कबूली
नई दिल्ली 24 फरवरी (एनपी)। जेएनयू कैंपस में देशद्रोही नारेबाजी के मुख्य आरोपी उमर खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य से दिल्ली पुलिस ने पूछताछ की है। दिल्ली पुलिस ने उनसे कई सवाल किए है। रिपोर्ट के मुताबिक उमर खालिद ने अफजल गुरु के समर्थन में नारेबाजी की बात कबूल ली है। दिल्ली पुलिस ने दोनों आरोपियों से जो सवाल किए है उनमें कार्यक्रम के पीछे मकसद क्या था? क्या कार्यक्रम के लिए जेएनयू से इजाजत ली? कार्यक्रम के बैनर-पोस्टर कहां बने? 9 फरवरी को बैनर्स कहां बनाया गया था? नारे खुद से लिखे या फिर कहीं लिखवाए? कार्यक्रम के लिए पैसे कहां से मिले? इतने दिन आपलोग कहां ठहरे थे? अफजल के समर्थन में नारे क्यों लगाए? भारत विरोधी नारे लगाए तो क्यों? आप लोगों की पैसे से किसने मदद की? आप में से कौन गिलानी को जानता है? गौर हो कि जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के दो छात्रों, उमर खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य ने देर रात दिल्ली पुलिस के समक्ष सरेंडर कर दिया। दोनों ने दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा उन्हें गिरफ्तारी से अंतरिम राहत देने से मना करने के कुछ घंटे बाद आत्मसमर्पण किया। पूछताछ करने के बाद दिल्ली पुलिस ने आज सुबह चार बजे दोनों को गिरफ्तार कर लिया था। पिछले 12 फरवरी से लापता रहने के बाद दोनों रविवार की रात को जेएनयू परिसर में वापस लौट आए थे। खालिद और भट्टाचार्य उन पांच छात्रों में हैं जिन्होंने संसद भवन हमले के दोषी अफजल गुर की नौ फरवरी को बरसी के मौके पर विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कथित तौर पर राष्ट्रविरोधी नारेबाजी की थी। कन्हैया कुमार, खालिद और भट्टाचार्य के अलावा अन्य छात्र हैं रामा नागा, आशुतोष कुमार और अनंत प्रकाश। दिल्ली पुलिस ने गत 20 फरवरी को खालिद, भट्टाचार्य, नागा, आशुतोष और प्रकाश के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी किया था।